What is Shell


शैल एक ऐसा प्रोग्राम होता है जिससे यूजर सीधे सम्पर्क (Connect) में आता है। शैल, यूजर द्वारा दिए कमाण्ड को कर्नल तक पहुंचाता है एवं कर्नल उस कार्य को संपादित करता है। शैल एक कमाण्ड इंटरप्रिटर का कार्य करता है। लिनक्स में कई प्रकार के शैल (Shell) होते हैं।जैसे- Bourne Shell, C Shell, Korn Shell आदि

1. बोर्न शैल (Bourne Shell)- इसे Steve bourne ने bell लैब में develop किया था इसीलिए इसे Bourne shell कहते हैं। इसे “sh” के नाम से जाना जाता है। यह UNIX एवं LINUX दोनों तरह के ऑपरेटिंग सिस्टमों में प्रयोग की जाती है। UNIX के लिए बनाई गई शैलों में यह पहली शैल है।

2. C शैल (C Shell)- इस shell में user script लिख सकते हैं। Script का syntax कम्प्यूटर प्रोग्रामिंग भाषा C से मिलता-जुलता होने के कारण इसे C शैल कहते हैं। इसे “csh” के नाम से जाना जाता है।

3. TC शैल (TC Shell)- यह C शैल का ही expansion है। इसे “tosh” के नाम से जाना जाता है।

4. कोर्न शैल (Korne Shell)- इसे Bell lab में David korn द्वारा develop करने के कारण Korne shell कहते हैं । यह Bourne, C, एवं TC shell तीनों के features को एक ही पैकेज में उपलब्ध कराती है। इसे “ksh” के नाम से जाना जाता है।

5. बोर्न-अगेन शैल (Bourne-Again Shell)- यह Bourne shell का ही updated version है, यह C, TC एवं korne shell के features प्रदान करती है।